राजस्थान के ३२०० मदरसों के लिए ९० करोड़ का भिजवाया प्रस्ताव

राजस्थान के ३२०० मदरसों के लिए ९० करोड़ का भिजवाया प्रस्ताव

कोटा (राजस्थान) : शिक्षा विभाग के निर्देश पर नए शिक्षण-सत्र में अब बच्चों को उर्दू पाठ्यक्रम और पुस्तकोंका सार ऑन लाइन मिलेंगे। उनके लिए फर्नीचर की व्यवस्था होगी। यह बात मदरसा बोर्ड की अध्यक्ष (चेयरमैन) मेहरुनिशा टांक ने कोटा प्रवास के दौरान भास्कर से बातचीत में कही। उन्‍होंने बताया कि, मदरसों के विकास के लिए बोर्ड की ओर से प्रदेश के ३२०० मदरसों के लिए ९० करोड़ के प्रस्ताव सरकार को भेज दिए गए हैं। जिसमें मदरसों में पुस्तकालय से लेकर बच्चों के लिए संसाधन सहित अन्य सुविधाएं मुहैया करवाई जाएगी।
मुख्यमंत्री मदरसा आधुनिकीकरण योजना के तहत प्रदेश के मदरसों में अध्ययनरत छात्र-छात्राओं को गुणवक्ता युक्त आधुनिक शिक्षा दी जा सकेगी। इस योजना के माध्यम से अधिक से अधिक छात्र छात्राओं में दीनी तालीम के साथ दुनियावी तालीम भी दी जा सकेगी। उन्होंने बताया कि इस योजना में मदरसों को आधुनिक शिक्षा देने के लिए क्लास रूम निर्माण से लेकर आधारभूत भौतिक सुविधाएं उपलब्ध करवाई जाएगी।
प्रदेश के ३२०० मदरसों में ढाई लाख बच्चे पढ़ाई कर रहे हैं। उन्होंने बताया कि, मदरसा पैराटीचर्स का मानदेय अब मैन्युअल नहीं मिलेगा। ऑनलाइन पेमेंट की प्रक्रिया कर ली हैं। संबंधित के खातों में हर महीने ऑनलाइन यह राशि भिजवा दी जाएगी। टांक ने बताया कि आधार से हर मदरसा बालक को जोड़ा जाएगा।