प्रधानमंत्री गरीब कल्याण पैकेज: अब तक की प्रगति

प्रधानमंत्री गरीब कल्याण पैकेज: अब तक की प्रगति

प्रधानमंत्री गरीब कल्याण पैकेज के तहत 32 करोड़ से अधिक गरीबों को 29,352 करोड़ रुपये की वित्तीय सहायता मिली प्रधानमंत्री गरीब कल्याण अन्‍न योजना के तहत 5.29 करोड़ लाभार्थियों को खाद्यान्न का मुफ्त राशन वितरित किया गया 8 लाख मुफ्त उज्ज्वला सिलेंडर वितरित किए गए ईपीएफओ के 1 लाख सदस्यों ने ईपीएफओ खाते से गैर-वापसी योग्य अग्रिम की ऑनलाइन निकासी का लाभ लिया, कुल राशि 510 करोड़ रुपये है पीएम-किसान की पहली किस्त: 14,946 करोड़ रुपये कुल 7.47 करोड़ किसानों को हस्तांतरित किए गए 


9930 करोड़ रुपये कुल 19.86 करोड़ महिला जन धन खाता धारकों को दिए गए 1400 करोड़ रुपये लगभग 82 करोड़ वृद्धों, विधवाओं और दिव्‍यांगजनों को दिए गए 17 करोड़ भवन और निर्माण श्रमिकों को 3071 करोड़ रुपये की वित्तीय सहायता मिली  समाज के कमजोर वर्गों को बुनियादी सुविधाएं निरंतर मिलती रहें और कोविड-19 के कारण किए गए लॉकडाउन की पूरी अवधि के दौरान वे प्रभावित न हों, यह सुनिश्चित करने के लिए केंद्रीय वित्त मंत्री श्रीमती निर्मला सीतारमण ने 26 मार्च 2020 को 1.70 लाख करोड़ रुपये के प्रधानमंत्री गरीब कल्याण पैकेज (पीएमजीकेपी) की घोषणा की, ताकि इस तरह के लोगों को लॉकडाउन के प्रतिकूल प्रभावों से बचाया जा सके। प्रधानमंत्री गरीब कल्याण पैकेज के एक हिस्से के रूप में सरकार ने महिलाओं और गरीब वरिष्ठ नागरिकों एवं किसानों को मुफ्त में अनाज देने और नकद भुगतान करने की घोषणा की। इस पैकेज के त्‍वरित कार्यान्वयन पर केंद्र और राज्य सरकारों द्वारा लगातार पैनी नजर रखी जा रही है। वित्त मंत्रालय, संबंधित मंत्रालय, मंत्रिमंडलीय सचिवालय और प्रधानमंत्री कार्यालय (पीएमओ) यह सुनिश्चित करने में कोई भी कसर नहीं छोड़ रहे हैं कि राहत के उपाय तेजी से और लॉकडाउन से उत्‍पन्‍न स्थिति के मद्देनजर जरूरतमंदों तक अवश्‍य ही पहुंच जाएं।  फि‍नटेक और डिजिटल तकनीक का उपयोग लाभार्थियों को त्‍वरित और सही ढंग से हस्तांतरण करने के लिए किया जा रहा है। प्रत्यक्ष लाभ अंतरण, अर्थात हस्‍तांतरण का उपयोग किया जा रहा है जो यह सुनिश्चित करता है कि राशि सीधे लाभार्थी के खाते में जमा हो जाए, धनराशि के कहीं और न जाने की गुंजाइश ही न रहे तथा इसकी प्रभावकारिता बेहतर हो जाए। इससे लाभार्थी के खाते में धनराशि को सीधे डालना भी सुनिश्चित हो गया है और इसके लिए लाभार्थी को बैंक शाखा जाने की आवश्यकता नहीं रहती है।  पैकेज के तहत 13 अप